
पश्चिम बंगाल में चुनावी सरगर्मी जारी है। सोमवार को गृह मंत्री अमित शाह ने रानीगंज में अपनी चुनावी सभा को संबोधित करते हुए बड़ी बात कही। शाह ने कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और हुमायूं कबीर दोनों एक ही तरह के नेता हैं, जो राज्य में अराजकता फैला रहे हैं। उन्होंने भाजपा की ओर से यह साफ किया कि सत्ता में आने पर वे बंगाल में बाबरी मस्जिद के निर्माण को किसी भी हालत में नहीं होने देंगे।
अमित शाह की यह टिप्पणी बीरभूम में एक अन्य सभा के दौरान आई, जहां उन्होंने कहा कि बंगाल की जनता राजनीतिक हिंसा का जवाब अपने वोट से देगी तथा 5 मई को भाजपा सरकार का गठन होगा। उन्होंने तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर भ्रष्टाचार और राजनीतिक हिंसा के गंभीर आरोप लगाए। शाह ने आश्वस्त किया कि चुनाव समाप्त होने के तुरंत बाद दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उधर, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी मंगलवार को पश्चिम बंगाल पहुंचेंगे। वह मुर्शिदाबाद जिले के समसेरगंज, मालदा जिले के चंचल और उत्तर दिनाजपुर जिले के रायगंज में चुनावी सभाएं करेंगे। राहुल गांधी के इस दौरे का मकसद क्षेत्रीय मतदाताओं से संपर्क बढ़ाना और चुनाव प्रचार को गति देना है।
वहीं, चुनाव आयोग ने कानून व्यवस्था से जुड़ी शिकायतों के लिए बंगाल के मतदाताओं हेतु 24×7 हेल्पलाइन और ईमेल सुविधा शुरू कर दी है। आयोग ने मतदान प्रक्रिया की स्वतंत्रता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए टोल-फ्री नंबर 18003450008 जारी किया है, जहां मतदाता अपनी शिकायतें दर्ज करा सकते हैं। साथ ही, wbfreeandfairpolls@gmail.com पर ईमेल के माध्यम से भी शिकायतें भेजी जा सकती हैं। ये सेवाएं 4 मई तक सक्रिय रहेंगी।
पश्चिम बंगाल में चुनाव को लेकर सुरक्षा और प्रशासनिक तैयारियां अपने अंतिम पड़ाव पर हैं। राजनीतिक दलों के बीच तीव्र प्रतिस्पर्धा के बीच आम जनता की निगाहें शांतिपूर्ण और निष्पक्ष चुनाव पर टिकी हैं। आगामी दिनों में मतदाताओं के फैसले से राज्य की राजनीतिक दिशा तय होगी।
अंत में यह कहा जा सकता है कि इस बार की गर्म लड़ाई में मतदाता ही निर्णायक साबित होंगे और सभी दलों को उनके विश्वास पर खरा उतरना होगा। चुनाव आयोग भी निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सम्पन्न कराने के लिए हरसंभव कदम उठा रहा है ताकि पश्चिम बंगाल की जनता के अधिकार सुरक्षित रहें।











