जनकल्याण और विकास पर जोर, जिला परिषद बैठक में योजनाओं की प्रभावी क्रियान्विति पर हुआ मंथन
योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक, जमीनी स्तर पर मॉनिटरिंग करें- जिला प्रमुख सारणेश्वर महादेव मंदिर के 1 किलोमीटर क्षेत्र को मांस-मदिरा मुक्त करने के प्रस्ताव को मिली मंजूरी सिरोही (मनोज माली, गोयली)। जिला परिषद की साधारण सभा की बैठक बुधवार को जिला परिषद सभागार में जिला प्रमुख अर्जुनराम पुरोहित की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में जिले के विकास कार्यों, जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रभावी क्रियान्विति, पेयजल व्यवस्था, विद्युत आपूर्ति, ग्रामीण समस्याओं के समाधान तथा विभिन्न विभागों की प्रगति रिपोर्ट पर विस्तार से चर्चा की गई। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याओं को गंभीरता से उठाते हुए त्वरित समाधान सुनिश्चित करने पर जोर दिया। बैठक में ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज राज्य मंत्री ओटाराम देवासी ने ग्रीष्म ऋतु को देखते हुए अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि भीषण गर्मी के दौरान पेयजल एवं विद्युत व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने विकास अधिकारियों को निर्देशित किया कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाए तथा आमजन की शिकायतों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। राज्य मंत्री देवासी ने कहा कि प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए ताकि प्रत्येक पात्र व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ पहुंच सके। उन्होंने अधिकारियों से संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्य करने का आह्वान करते हुए कहा कि सरकार की योजनाओं का उद्देश्य अंतिम व्यक्ति तक राहत और सुविधाएं पहुंचाना है, इसलिए इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक को संबोधित करते हुए जिला प्रमुख अर्जुनराम पुरोहित ने कहा कि सभी अधिकारी केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं की सफल क्रियान्विति सुनिश्चित करें तथा लक्षित वर्ग को योजनाओं से लाभान्वित करने में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए जिले को विकास के क्षेत्र में अग्रणी बनाने का प्रयास करें। उन्होंने विकास कार्यों को गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूर्ण कराने पर बल देते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, इसके लिए जमीनी स्तर पर नियमित मॉनिटरिंग की आवश्यकता है। जिला प्रमुख ने जिले में बढ़ रही चोरी की घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते हुए पुलिस प्रशासन से गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने विभिन्न लंबित विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्हें शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए तथा आमजन की समस्याओं का संवेदनशीलता के साथ तत्काल समाधान सुनिश्चित करने की बात कही। बैठक में रेवदर विधायक मोतीराम कोली ने अपने क्षेत्र से संबंधित विभिन्न समस्याओं को उठाते हुए विकास कार्यों की प्रगति पर चर्चा की। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को आवश्यक कार्यों में तेजी लाने और ग्रामीण क्षेत्रों की मूलभूत समस्याओं का समाधान करने की आवश्यकता बताई। बैठक के दौरान राज्य वित्त आयोग सप्तम एवं 15वें वित्त आयोग जिला परिषद मद वर्ष 2026-27 की वार्षिक कार्य योजना तथा महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) की वार्षिक कार्य योजना वर्ष 2026-27 का अनुमोदन किया गया। इससे आगामी वित्तीय वर्ष में विकास कार्यों को गति मिलने की उम्मीद जताई गई। मुख्य कार्यकारी अधिकारी प्रकाशचंद अग्रवाल एवं अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी शैलेन्द्र जोशी ने बैठक का संचालन करते हुए विभिन्न विभागों से प्राप्त प्रगति प्रतिवेदन सदन के समक्ष प्रस्तुत किए। अधिकारियों ने विभागवार योजनाओं और कार्यों की स्थिति की जानकारी भी दी। जिला प्रमुख पुरोहित की पहल बैठक का सबसे महत्वपूर्ण निर्णय सिरोही के आराध्य देव सारणेश्वर महादेव मंदिर से जुड़ा रहा। जिला प्रमुख अर्जुनराम पुरोहित की पहल पर सारणेश्वर महादेव मंदिर के एक किलोमीटर परिक्षेत्र को मांस एवं मदिरा मुक्त क्षेत्र घोषित करने के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। इस प्रस्ताव को राज्य सरकार को भेजने का निर्णय लिया गया। इस निर्णय को धार्मिक आस्था और सामाजिक वातावरण की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों ने इस पहल का समर्थन करते हुए इसे क्षेत्र की धार्मिक गरिमा के अनुरूप बताया। बैठक में गत बैठक में उठाए गए विभिन्न मुद्दों की अनुपालना रिपोर्ट पर भी विस्तार से चर्चा की गई। सदस्यों ने बत्तीसा नाला, जल जीवन मिशन के तहत कनेक्शन, हैंडपंप मरम्मत, ग्रामीण क्षेत्रों में ढीले विद्युत तार, नए विद्युत कनेक्शन, ट्रांसफार्मर स्थापना, सडक़ों की मरम्मत, अवैध बजरी खनन, प्रधानमंत्री आवास योजना सहित कई विषयों को प्रमुखता से उठाया। इसके अलावा चिकित्सा, रसद, पशुपालन, शिक्षा, वन, श्रम, पुलिस, एनएचएआई, परिवहन, राजस्व, ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज विभाग से संबंधित लंबित मामलों की भी समीक्षा की गई। जिला प्रमुख ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी लंबित कार्यों को शीघ्र पूर्ण कर उनकी अनुपालना रिपोर्ट पुन: प्रस्तुत की जाए। अतिरिक्त जिला कलेक्टर डॉ. राजेश गोयल ने विभिन्न बिंदुओं पर विस्तृत जानकारी देते हुए अधिकारियों को नियमित फॉलोअप लेने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजनाओं की प्रगति की लगातार निगरानी आवश्यक है ताकि आमजन को समय पर लाभ मिल सके। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक किशोर सिंह ने जिले की कानून एवं शांति व्यवस्था की जानकारी देते हुए सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाओं पर प्रकाश डाला। इनकी रही मौजूदगी बैठक में उप जिला प्रमुख मनीषा मीणा, सिरोही प्रधान हंसमुख कुमार, सदस्य पदमा, दलिप सिंह मांडाणी, मधु, रामलाल, मगन कोली, अर्जुनराम, कन्हैयालाल, सीमा कुमारी, जोसना, रतन कंवर, दिलीप जैन, किरण कुमार एवं रतनाराम सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। जनप्रतिनिधियों ने ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल, सडक़, शिक्षा, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, रसद, खनन, सार्वजनिक निर्माण विभाग, सिंचाई सहित विभिन्न विभागों से जुड़ी क्षेत्रवार समस्याओं को अधिकारियों के समक्ष रखा। जनप्रतिनिधियों ने ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं की कमी, खराब सडक़ें, पेयजल संकट, स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति तथा विद्युत समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। इस पर जिला प्रमुख अर्जुनराम पुरोहित ने संबंधित अधिकारियों को समस्याओं का त्वरित समाधान कर आमजन को राहत पहुंचाने के निर्देश दिए।



















