बॉर्डर जिलों के लिए 360 डिग्री सुरक्षा फ्रेमवर्क तैयार
बीकानेर। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री Amit Shah ने बीकानेर में सुरक्षा समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में भारत-पाकिस्तान सीमा से सटे जिलों से जुड़े सुरक्षा संबंधी मुद्दों की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में मुख्यमंत्री Bhajan Lal Sharma, राजस्थान सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों तथा बीकानेर, जैसलमेर, बाड़मेर, श्रीगंगानगर और फलोदी के जिला कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षकों ने भाग लिया। सीमा प्रबंधन को और अधिक सशक्त बनाने पर जोर बैठक में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि राज्य सरकार के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करते हुए सीमा प्रबंधन को सशक्त एवं व्यापक बनाया जाए। प्रत्येक सीमावर्ती जिले के लिए 360 डिग्री सुरक्षा फ्रेमवर्क तैयार करने का निर्णय लिया गया। इस एकीकृत प्रयास में स्थानीय नागरिकों, राज्य सरकार की मशीनरी तथा सभी संबंधित सुरक्षा एजेंसियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी, जिससे सीमा प्रबंधन को और अधिक समग्र एवं मजबूत बनाया जा सके। अवैध निर्माणों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अवैध निर्माणों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस नीति को सख्ती से लागू करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने विशेष रूप से अंतरराष्ट्रीय सीमा से 15 किलोमीटर के दायरे में हो रहे अवैध निर्माणों को ध्वस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने बीएसएफ, सीबीडीटी, एनसीबी तथा राज्य सरकार की मशीनरी के साथ समन्वित सीमा प्रबंधन रणनीति अपनाने पर जोर देते हुए कहा कि घुसपैठ, नारकोटिक्स तस्करी, अतिक्रमण, आतंकवादी फंडिंग और अन्य सीमा-पार अपराधों पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। बैंकों, व्यवसायिक प्रतिष्ठानों और फर्जी दस्तावेजों की जांच के निर्देश बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री ने जिला कलेक्टरों को विभिन्न जिम्मेदारियां सौंपते हुए निर्देश दिए कि सभी बैंकों में पूर्ण कानूनी एवं वित्तीय अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही प्रमुख व्यवसायिक प्रतिष्ठानों का सत्यापन, उनके फंडिंग स्रोतों की जांच, म्यूल खातों एवं शेल कंपनियों की पहचान, फर्जी आधार कार्डों की जांच तथा तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जाए। उन्होंने साइबर अपराधों के त्वरित निवारण के लिए ‘1930’ कॉल सेंटर के प्रभावी उपयोग तथा क्षेत्र में कानून व्यवस्था एवं न्यायिक प्रक्रियाओं को सुदृढ़ करने के लिए तीनों नए आपराधिक कानूनों के पूर्ण क्रियान्वयन के निर्देश भी दिए। वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष बल बैठक के दौरान वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम (Vibrant Village Programme) के सफल एवं प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष बल दिया गया। इसके माध्यम से अंतिम छोर तक शासन व्यवस्था को सुदृढ़ करने, आर्थिक अपराधों पर रोक लगाने, बुनियादी सुविधाओं की कमी दूर करने तथा सीमावर्ती क्षेत्रों की जनसंख्या को बेहतर सहयोग उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। इसके साथ ही सीमावर्ती गांवों में सभी सरकारी योजनाओं का 100 प्रतिशत संतृप्तिकरण सुनिश्चित करने की आवश्यकता भी रेखांकित की गई। बैठक में कहा गया कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के नेतृत्व में केंद्र सरकार अंतरराष्ट्रीय सीमाओं पर उच्चतम स्तर की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। साथ ही केंद्र एवं राज्य एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर सीमावर्ती क्षेत्रों के समग्र विकास और सुरक्षा को मजबूत बनाने पर भी जोर दिया गया।


















